हरियाणा के मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने धर्मनगरी Kurukshetra में आयोजित दो दिवसीय ‘बैसाखी महोत्सव 2026’ का भव्य उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों को बैसाखी की शुभकामनाएं देते हुए इस पर्व के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व को रेखांकित किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बैसाखी किसानों के परिश्रम और समर्पण का प्रतीक है। यह वही पावन दिन है जब वर्ष 1699 में Guru Gobind Singh जी ने खालसा पंथ की स्थापना की थी, जो साहस, धर्म और त्याग का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि कुरुक्षेत्र की पवित्र धरती से यह उत्सव पूरे प्रदेश में ऊर्जा और उल्लास का संदेश दे रहा है। खेतों में लहलहाती फसलें किसानों की मेहनत का परिणाम हैं, जो इस पर्व को और भी खास बनाती हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बैसाखी का त्योहार हमें प्रकृति के साथ सामंजस्य स्थापित करने, श्रम का सम्मान करने और समृद्धि का जश्न मनाने की प्रेरणा देता है।

