नूंह साइबर थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए खुद को पुलिस अधिकारी बताकर लोगों से साइबर ठगी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान आसिफ पुत्र सपात निवासी कोलगांव, थाना सदर फिरोजपुर झिरका, जिला नूंह के रूप में हुई है।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने साइबर फ्रॉड में शामिल होने की बात कबूल की है। पुलिस के अनुसार आरोपी मोबाइल फोन और फर्जी सिम कार्ड का इस्तेमाल कर लोगों को खुद को पुलिस अधिकारी बताकर डराता था और उनसे पैसे ऐंठता था।
सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम ने नूंह-होडल रोड स्थित गांव अडबर के पास दबिश दी। पुलिस को देखकर आरोपी भागने लगा, लेकिन टीम ने पीछा कर उसे गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान आरोपी के कब्जे से एक मोबाइल फोन बरामद हुआ, जिसमें संदिग्ध सिम कार्ड और साइबर ठगी से जुड़े डिजिटल सबूत मिले।
जांच में सामने आया कि आरोपी के नंबर से जुड़े मोबिक्विक खाते के खिलाफ उत्तर प्रदेश में 50 हजार रुपये की साइबर ठगी की शिकायत दर्ज है। पुलिस को मोबाइल में स्पाइस मनी एप की एक आईडी भी मिली, जिसका इस्तेमाल ठगी की रकम के लेन-देन के लिए किया जा रहा था।
पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि वह अपने भाई और एक अन्य साथी के साथ मिलकर साइबर ठगी का नेटवर्क चला रहा था। उसका भाई फर्जी सिम और खातों का इस्तेमाल कर लोगों को पुलिस अधिकारी बनकर कॉल करता था और ठगी की रकम अलग-अलग बैंक खातों में डलवाई जाती थी। इसके बाद आरोपी कमीशन काटकर पैसे निकालता था।
आरोपी ने यह भी स्वीकार किया कि साइबर फ्रॉड से कमाए गए लाखों रुपये उसने अपने और परिजनों के खातों में जमा करवाए। पुलिस ने आरोपी को एक दिन के रिमांड पर लिया है, ताकि नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी और इस्तेमाल किए गए उपकरणों की बरामदगी की जा सके।

